Sunday, December 20, 2009

आज वो समय है जब मै चुप क्यों बैठू !

www.blogvani.comदोस्तों ,
और अंत पन्त  लाल कृष्ण आडवाणी को विपक्ष के नेता पद से टाटा-बाय बाय कहना पड़ ही गया और इस प्रकार अटल- आडवाणी युग का समापन हो गया , निश्चय ही यह खबर दो दिन पुरानी है परन्तु जो एक नयी बात है वो यह की आज से कोई चार महीने पूर्व मैंने अपने इसी ब्लॉग में 28 अगस्त शुक्रवार 2009 को ''लाल कृष्ण आडवाणी ने दिलाई ज्योतिष को जित ''  नामक शीर्षक से एक लेख पोस्ट किया था की श्री आडवाणी को इस्तीफा देना पडेगा और पार्टी में उन्हें परामर्शदाता पद दिया जाए गा / मेरी उक्त भविष्य वाणी बिलकुल ठीक निकली / वास्तव में यह भविष्य वाणी तो मैंने अगस्त से भी पहले की थी जब लोक सभा के चुनाव होने वाले थे/ 14 जून 2009 को ''muddle over the future of B J P ''  नामक शीर्षक से पोस्ट किया था इसी ब्लॉग में , जिसमे विस्तृत तौर पर बी जे पि की कुंडली पर विचार लिखे थे और स्पस्ट शब्दों में बताया था की सन 2009 के लोकसभा चुनाव में हार के बाद पार्टी में घमासान मच जाए गा और श्री लाल कृष्ण आडवाणी को बाहर का रास्ता दिखा दिया जाएगा /
दूसरा पूरक लेख मैंने 28 अगस्त 2009 को पोस्ट किया जिसमे लाल कृष्णा आडवाणी की कुंडली का विश्लेषण प्रस्तुत किया था की उन्हें शनि की महा दशा लग चुकी है और लग्न भाव में बैठा शनि'' मारक'' है लिहाजा वो अब लम्बे समय तक महत्त्व के पद पर नहीं बने रह सकते साथ ही उनके स्वास्थ की भी चिंता जताई थी जो की आईंदा देश के लिए चिंता का वायस बने गा /
दोस्तों , यह लेख लिखने का मेरा मकसद यह है की आज के समय में जब जंहा हर दूसरा व्यक्ति ज्योतिष की और संदेह क्या माखौल भरी अंगुली उठाता है और हिकारत भरी नजर से देखता है तो आज वो समय है जब मै चुप क्यों बैठू / यह मै स्पस्ट करना चाहूंगा की मुझे ना धन की और ना ही यश की चाहत है बल्कि ज्योतिष पर सवाल उठाने वालो से यह पूछू की अब वो क्या कहते है /
मै अपने दोस्तों से सरल और विनम्र शब्दों में कहना चाहूंगा की मेरे किसी भी प्रयास को वो दंभ की अतिशयोक्ति ना समझ कर एक ईमानदार कोशिश माने जो सचमुच ज्योतिष को प्रतिष्ठा दिलाना चाहता है / थैंक्स/